जम्मू-कश्मीर में भीषण ठंड और हिमाच्छादित इलाकों में भारतीय सेना ने विंटर स्ट्राइक अभियान चलाया। ऑपरेशन का उद्देश्य आतंकियों को सुरक्षा के अंदर से पकड़ना और उनकी गतिविधियों को रोकना था। कड़ाके की ठंड और बर्फबारी के बावजूद सेना ने पूरी तैयारी के साथ कार्रवाई को अंजाम दिया।
सुरक्षा सूत्रों के अनुसार, आतंकियों को एक घेराबंदी में फंसा कर उनका रास्ता बंद किया गया। चक्रव्यूह जैसी रणनीति अपनाकर सेना ने उन्हें हर तरफ से घेर लिया। इस दौरान मुश्किल मौसम, बर्फ और कम दृश्यता ने ऑपरेशन को चुनौतीपूर्ण बना दिया, लेकिन सैनिकों ने संयम और रणनीति से कार्य किया।
आधिकारिक बयान में बताया गया कि ऑपरेशन के दौरान कुछ आतंकियों ने गोलियां चलाईं, लेकिन सेना की सटीक कार्रवाई और उच्च तकनीक वाले हथियारों के कारण नुकसान कम किया गया। सेना के जवानों ने ठंड के बावजूद अपनी जिम्मेदारी पूरी निष्ठा और साहस के साथ निभाई।
विशेषज्ञों का कहना है कि इस प्रकार के विंटर स्ट्राइक ऑपरेशन आतंकवादियों के लिए एक चेतावनी के रूप में काम करते हैं। कठिन मौसम और दुश्मन की स्थिति के बावजूद कार्रवाई करना सैनिकों की क्षमता और प्रशिक्षण का प्रतीक है।
जम्मू-कश्मीर में ऐसे ऑपरेशन स्थानीय सुरक्षा बलों और सेना की तत्परता को दर्शाते हैं। इससे क्षेत्र में आतंकवाद को फैलने से रोका जाता है और नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित होती है।
इस ऑपरेशन ने यह भी दिखाया कि कठोर मौसम में भी भारतीय सेना किसी भी परिस्थिति में मिशन को सफल बनाने के लिए पूरी तरह तैयार रहती है।












