प्रदूषण विरोधी रैली में लगे “लाल सलाम”
दिल्ली के इंडिया गेट पर रविवार को प्रदूषण के खिलाफ आयोजित एक शांतिपूर्ण प्रदर्शन उस समय विवादों में आ गया, जब कुछ लोगों ने अचानक नक्सली नेता हिड़मा के पोस्टर लहराने शुरू कर दिए। पोस्टरों पर “लाल सलाम” और “हिड़मा अमर रहे” जैसे नारे लिखे थे, जिन्हें देखकर मौके पर मौजूद लोग हैरान रह गए और माहौल तनावपूर्ण हो गया।
पुलिस के अनुसार, प्रदर्शन मुख्य रूप से दिल्ली में बढ़ते वायु प्रदूषण पर जागरूकता फैलाने के लिए आयोजित किया गया था। बड़ी संख्या में युवा, सामाजिक संगठन और पर्यावरण कार्यकर्ता इसमें शामिल हुए थे। लेकिन भीड़ में घुसे कुछ व्यक्तियों ने प्रदर्शन का एजेंडा बदलने की कोशिश की और हिड़मा, जो छत्तीसगढ़ और आसपास के नक्सल प्रभावित इलाकों में हमलों के लिए कुख्यात है, के समर्थन में पोस्टर दिखाए।
जैसे ही यह गतिविधि दिखाई दी, दिल्ली पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां तुरंत सक्रिय हुईं। प्रदर्शन को नियंत्रित किया गया और उन सभी लोगों को चिन्हित किया गया, जिन्होंने पोस्टर लहराए या नारे लगाए। कुल मिलाकर 22 व्यक्तियों को मौके से हिरासत में लेकर बाद में औपचारिक रूप से गिरफ्तार किया गया।
पुलिस का कहना है कि प्रारंभिक जांच में यह मामला किसी संगठित कोशिश का हिस्सा प्रतीत होता है, जिसका उद्देश्य प्रदूषण विरोधी आंदोलन को नक्सली समर्थन के प्रचार में बदलना था। गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ की जा रही है कि वे किसके निर्देश पर आए, पोस्टर कहाँ से तैयार किए गए और क्या इसका संबंध किसी बड़े नेटवर्क से है।
इस घटना के बाद सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं, क्योंकि देश की राजधानी के एक हाई-सिक्योरिटी जोन में नक्सली प्रतीकों का प्रदर्शन एक बड़ी सुरक्षा चूक माना जा रहा है। वहीं प्रदर्शन का आयोजन करने वाले समूहों ने ऐसे तत्वों की निंदा करते हुए कहा कि उनका उद्देश्य केवल प्रदूषण के खिलाफ आवाज उठाना था।
पुलिस अब डिजिटल फुटेज खंगाल रही है और आगे और गिरफ्तारियां होने की संभावना जताई है।












