नई दिल्ली, दिल्ली
दिल्ली सर्राफा बाजार में बुधवार को दो दिन की गिरावट के बाद सोने की कीमतों में तेजी देखने को मिली। निचले स्तर पर खरीदारी बढ़ने और वैश्विक बाजार से मिले सकारात्मक संकेतों के बीच 99.9 प्रतिशत शुद्धता वाले सोने का भाव 700 रुपये बढ़कर 1,49,300 रुपये प्रति 10 ग्राम पहुंच गया। मंगलवार को सोना 1,48,600 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ था।
सोने ने इस तेजी के साथ दो महीने के निचले स्तर से वापसी की है। बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, हाल की गिरावट के बाद निवेशकों ने निचले स्तरों पर खरीदारी की, जिससे सोने की कीमत को सहारा मिला। हालांकि, अमेरिकी डॉलर में उतार-चढ़ाव के कारण सोने की तेजी कुछ सीमित रही।
चांदी के भाव में नहीं हुआ बदलाव
सोने के विपरीत चांदी की कीमत बुधवार को स्थिर रही। दिल्ली सर्राफा बाजार में चांदी लगातार दूसरे दिन 2.32 लाख रुपये प्रति किलोग्राम के भाव पर बनी रही।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोने की कीमत में मामूली बढ़त दर्ज की गई। हाजिर सोना करीब 4,190 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा था। वहीं, चांदी 1.28 प्रतिशत की गिरावट के साथ 60.68 डॉलर प्रति औंस पर पहुंच गई।
चीन की मांग से सोने को मिल सकता है सहारा
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, चीन में गुरुवार से गोल्डन वीक शुरू होने जा रहा है। इस दौरान आभूषणों की मांग बढ़ने की संभावना है। चीन में सोने की मांग में संभावित बढ़ोतरी से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमतों को समर्थन मिल सकता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, सितंबर में सोने की कीमतों में 5 प्रतिशत से अधिक की गिरावट आई थी। ऐसे में मौजूदा स्तरों पर खरीदारी बढ़ना बाजार के लिए महत्वपूर्ण संकेत माना जा रहा है।
अमेरिकी आंकड़ों पर रहेगी बाजार की नजर
आने वाले दिनों में सोने और चांदी की दिशा काफी हद तक अमेरिका के आर्थिक आंकड़ों पर निर्भर करेगी। निवेशकों की नजर मुख्य महंगाई आंकड़े यानी कोर पीसीई, जीडीपी और रोजगार से जुड़े आंकड़ों पर रहेगी।
यदि अमेरिका में महंगाई उम्मीद से अधिक रहती है, तो डॉलर और बॉन्ड यील्ड में तेजी आ सकती है। ऐसी स्थिति में सोने और चांदी पर दबाव बढ़ सकता है। वहीं, कमजोर महंगाई आंकड़े आने पर ब्याज दरों में नरमी की उम्मीद मजबूत हो सकती है, जिससे कीमती धातुओं को आगे भी समर्थन मिलने की संभावना रहेगी।











