नई दिल्ली, दिल्ली
बॉलीवुड के 90 के दशक में कुमार सानू की आवाज का अलग ही दौर था। उनकी आवाज में गाए रोमांटिक और भावुक गीतों ने उस समय के संगीत प्रेमियों के बीच खास जगह बनाई। आज भी उनके कई गाने लोगों की पसंदीदा प्लेलिस्ट में शामिल हैं। कुमार सानू ने अपने लंबे करियर में हजारों गाने गाए और उनके नाम एक दिन में 28 गाने रिकॉर्ड करने की उपलब्धि भी दर्ज है।
कुमार सानू का असली नाम सानू भट्टाचार्य है। उन्हें बॉलीवुड में पहचान दिलाने में गजल गायक जगजीत सिंह की महत्वपूर्ण भूमिका रही। इसके बाद कुमार सानू ने फिल्म इंडस्ट्री में अपनी अलग पहचान बनाई और कई बड़े संगीत निर्देशकों के साथ काम किया।
करीब 18 हजार गाने गाए
कुमार सानू ने अपने करियर में कई भाषाओं में करीब 18 हजार गानों को अपनी आवाज दी। उनकी सबसे चर्चित उपलब्धियों में एक दिन में 28 गाने गाने का रिकॉर्ड शामिल है।
यह घटना वर्ष 1993 की बताई जाती है। उस समय कुमार सानू को एक म्यूजिकल टूर के लिए बाहर जाना था। टूर पर रवाना होने से पहले वह अपनी रिकॉर्डिंग पूरी करना चाहते थे। इसी वजह से उन्होंने एक ही दिन में 28 गाने रिकॉर्ड किए।
वर्ष 1993 में उनके कई गीत बेहद लोकप्रिय हुए। ‘बाजीगर ओ बाजीगर’, ‘ये काली काली आंखें’, ‘तेरे चेहरे पे’, ‘तेरे दर पर सनम’, ‘बादलों में छुप रहा चांद’ और ‘आने वाला कल एक सपना है’ जैसे गानों को आज भी याद किया जाता है।
लगातार पांच बार फिल्मफेयर अवॉर्ड
कुमार सानू के करियर की एक और बड़ी उपलब्धि लगातार पांच बार फिल्मफेयर अवॉर्ड जीतना रही। वह लगातार पांच बार यह सम्मान हासिल करने वाले गायक बने। उन्हें छठी बार भी पुरस्कार मिलने की संभावना थी, लेकिन उन्होंने इसे स्वीकार करने से मना कर दिया।
कुमार सानू ने कहा था कि अब यह पुरस्कार नए कलाकारों को दिया जाना चाहिए। उनकी इस उपलब्धि के कारण भी उनका नाम रिकॉर्ड से जुड़ा रहा।
ऋषि कपूर के लिए गाए कई हिट गीत
कुमार सानू की आवाज को अभिनेता ऋषि कपूर के लिए भी खूब पसंद किया गया। उन्होंने ऋषि कपूर के लिए कई लोकप्रिय गीत गाए। इनमें ‘जब से तुमको देखा है सनम’, ‘सोचेंगे तुम्हें प्यार’, ‘तेरी उम्मीद तेरा इंतजार’ और ‘गवाह है चांद तारे गवाह है’ जैसे गाने शामिल हैं।
कुमार सानू का मानना था कि ऋषि कपूर उनके गानों को पर्दे पर अच्छी तरह निभाते थे और उनकी आवाज के साथ न्याय करते थे। यही वजह रही कि ऋषि कपूर पर फिल्माए गए उनकी आवाज के कई गीत दर्शकों के बीच लोकप्रिय हुए।
कुमार सानू की आवाज और 90 के दशक के उनके गीत आज भी हिंदी फिल्म संगीत के उस दौर की याद दिलाते हैं, जब उनके गाने लगातार फिल्मों और संगीत प्रेमियों के बीच छाए रहते थे।












