**नई दिल्ली, दिल्ली**
बॉबी देओल की फिल्म **’बंदर’** ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज होने के बाद लगातार सुर्खियों में बनी हुई है। अनुराग कश्यप के निर्देशन में बनी यह फिल्म अपनी कहानी और गंभीर विषयवस्तु के कारण दर्शकों के बीच चर्चा का विषय बन गई है। फिल्म में एक ऐसे पुरुष के संघर्ष को दिखाया गया है, जिसकी जिंदगी एक कथित झूठे मामले के बाद पूरी तरह बदल जाती है।
फिल्म की कहानी केवल कानूनी विवाद तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उस मानसिक और सामाजिक दबाव को भी सामने लाती है, जिसका सामना आरोपों के बाद व्यक्ति को करना पड़ सकता है। परिवार और रिश्तों से लेकर समाज में प्रतिष्ठा तक, ऐसी परिस्थितियों का प्रभाव जीवन के कई पहलुओं पर पड़ता है। फिल्म इसी भावनात्मक संघर्ष को कहानी के जरिए दिखाने की कोशिश करती है।
बॉबी देओल ने पिछले कुछ वर्षों में अपने करियर की दूसरी पारी में अलग-अलग तरह की भूमिकाएं निभाई हैं। उन्होंने पारंपरिक हीरो वाली छवि से बाहर निकलकर नकारात्मक और गंभीर किरदारों को भी अपनाया है। ‘बंदर’ में उनका किरदार भी इसी क्रम का एक अलग प्रयोग माना जा रहा है।
फिल्म 5 जून को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। इसके बाद 28 अगस्त को इसे ओटीटी प्लेटफॉर्म पर उपलब्ध कराया गया। ओटीटी पर आने के बाद फिल्म को लेकर दर्शकों की प्रतिक्रियाएं तेजी से सामने आईं। सोशल मीडिया पर कई यूजर्स इसकी कहानी, विषय और पात्रों के संघर्ष पर चर्चा कर रहे हैं।
फिल्म के निर्देशक अनुराग कश्यप सामाजिक और मानवीय पहलुओं को अपनी फिल्मों में अलग तरीके से पेश करने के लिए जाने जाते हैं। ‘बंदर’ में भी एक संवेदनशील विषय को कहानी के केंद्र में रखा गया है। फिल्म को लेकर सोशल मीडिया पर समर्थन और अलग-अलग दृष्टिकोण दोनों देखने को मिल रहे हैं।
जागरण फिल्म फेस्टिवल 2026 में बॉबी देओल ने अपने अनुभव साझा करते हुए फिल्म के किरदार को लेकर बात की। उन्होंने कहा कि एक अभिनेता के तौर पर उन्हें चुनौतीपूर्ण भूमिकाएं करना पसंद है। बॉबी के अनुसार, ऐसे किरदार हर कलाकार को बार-बार नहीं मिलते और जब कोई जटिल भूमिका मिलती है तो उसमें काम करने का अनुभव भी अलग होता है।
उन्होंने यह भी संकेत दिया कि अभिनेता के लिए केवल लोकप्रिय किरदार निभाना ही महत्वपूर्ण नहीं होता, बल्कि ऐसे पात्र भी जरूरी होते हैं जो उसकी अभिनय क्षमता को चुनौती दें।
फिलहाल ‘बंदर’ की ओटीटी रिलीज के बाद इसकी कहानी चर्चा में बनी हुई है। फिल्म ने पुरुषों की भावनात्मक परेशानियों, सामाजिक दबाव और आरोपों के बाद बदलती जिंदगी जैसे मुद्दों पर दर्शकों के बीच नई बहस शुरू कर दी है।












